नवगछिया। नवगछिया में मुर्गा व्यवसायी की हत्या के बाद दहशत का माहौल हो गया है। शनिवार को बाजार में शाम ढलते ही सन्नाटा छा गया, दुकानें बन्द हो गयीं। लोग शाम ढलते ही अपने-अपने घरों में कैद होने लगे हैं। सभी अंजान आशंका से डरे-सहमे हैं।
मुर्गा व्यवसायी मो. अहसान की शुक्रवार को हुई हत्या के बाद पिता मो. अंसारुलहक ने शनिवार को थाने में 10 लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने मो. संजार की पत्नी रुकसाना खातून को गिरफ्तार कर लिया है। पिता ने पुलिस को बताया कि गांव के ही मो. संजार आलम, मो. गुफरान, मो. तिखरूर उर्फ इश्तेखार आलम ने गोली मारकर हत्या कर दी। उन्होंने बताया कि मो. अहसान अपने छोटे भाई के साथ घर जा रहा था। मैं भी उसके पीछे-पीछे घर जा रहा था।
मनिया मोड़ के पहले अवध किशोर पासवान के ग्रिल गेट के पास काले रंग की बाइक से मो. संजार ने ओवरटेक कर मेरे पुत्र की बाइक रोक दी और गाली गलौज करते हुए मो. संजार ने देसी पिस्तौल से अहसान के चेहरे पर गोली मार दी, जो उसके बायीं आंख के पास लगी। गोली लगते ही दोनों भाई बाइक से गिर पड़े। उसके बाद मो. गुफरान और मो. इफ्तेखार ने नजदीक जाकर अहसान के सिर में गोली मार दी। जब हमलोग हल्ला करने लगे तो हमलोगों पर भी फायरिंग की।

मृतक के पिता ने बताया कि मो संजार, मोहम्मद गुफरान, मो. इफ्तेखार के अलावा संजार के पिता मो. मंसूर आलम, माता अनसुरी खातून, पत्नी रुकसाना खातून, मो. सन्नो, मो. बाबर उर्फ बबलू, साला मो. इंदौर, मो. इम्तियाज भी इस घटना में शामिल हैं। पिता ने यह भी बताया कि एक वर्ष पूर्व भी मो. संजार ने अहसान को भवानीपुर टावर चौक के पास गोली मारकर हत्या करने का प्रयास किया गया था,
जिसमें वह बाल-बाल बचा था। डेढ़ वर्ष पूर्व भी उजानी के मो. शमीम को गेड़ाबाड़ी के पास गोली मारकर हत्या कर दी थी। सात आठ माह पूर्व मो. संजार ने झारखंड के साहिबगंज में सोहेल अंसारी को भी गोली मारी थी जिसमें वह जेल भी गया था। दो दिन पूर्व वह जेल से छूटकर आया और उसने पूर्व की दुश्मनी को लेकर मेरे बेटे की हत्या कर दी
