शिक्षक हुए आक्रोशित, मकंदपुर चौक पर किया सड़क जाम
रंगदारी व जमीन विवाद के कारण हुई घटना
दो बेख़ौफ़ अपराधियों ने दिया घटना को अंजाम

गोपालपुर : बेखौफ अपराधियों ने गोपालपुर थाना क्षेत्र के मध्य विद्यालय बाबू टोला कमलाकुंड के नियोजित शिक्षक शंभू मंडल को लगभग दस बजे दिन में विद्यालय में घुसकर गोली मार दी. गोली शिक्षक के पेट में लगी. घटना के तुरंत बाद आनन फानन में विद्यालय के शिक्षकों व ग्रामीणों द्वारा घायल शिक्षक शंभू मंडल को अनुमंडल अस्पताल नवगछिया ले जाया गया. प्राथमिक उपचार के बाद घायल शिक्षक की गंभीर स्थिति के कारण बेहतर इलाज हेतु मायागंज अस्पताल भेज दिया गया. जहाँ इलाज के दौरान घायल शिक्षक शंभू मंडल की मौत हो गई. शिक्षक शंभु मंडल की मौत की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में शिक्षक मकंदपुर चौक पर पहुँच कर राष्ट्रीय राजमार्ज को जाम कर दिया. करीब तीन घंटे तक सड़क जाम रहने के बाद नवगछिया के एसडीपीओ मुकुल कुमार रंजन द्वारा समझने बुझाने के बाद शिक्षकों ने जाम समाप्त किया. मिली जानकारी के अनुसार शिक्षक शंभू मंडल तिनटंगा करारी से नवगछिया जाने वाली पीडब्लूडी मुख्य सड़क पर पीर दरगाह स्थित मध्य विद्यालय बाबू टोला कमलाकुंड में छठी व सातवीं कक्षा के छात्रों को पढ़ा रहे थे. एका एक दो निमोछै अपराधी विद्यालय के उस कमरे में घुसे जहाँ शिक्षक शंभू मंडल पढ़ा रहे थे. शिक्षक शंभू मंडल को देखते ही अपराधियों ने गोली चला दी जो शिक्षक शंभू मंडल के पेट में लगी. गोली लगने के बाद शिक्षक लहुलहान होकर गिर पड़े और दोनों अपराधी हवा में फायरिंग करते हुए गंगा प्रसाद धार की ओर भाग गये. जानकारी के अनुसार गंगा नदी की बाढ़ के कटाव के कारण वर्ष 2008 ई में बाबू टोला कमलाकुंड नदी में समा गया था. कुछ वर्षों बाद गंगा के कटाव से विस्थापित हुए ग्रामीणों ने गोपालपुर पीर दरगाह के निकट जमीन खरीद कर अपनी बस्ती बसाई और मध्य विद्यालय बाबू टोला कमलाकुंड विद्यालय हेतु जमीन खरीदकर राज्यपाल के नाम उक्त जमीन का निबंधन कर पुनः विद्यालय भवन का निर्माण सरकारी राशि से करवाया.

इसी विद्यालय शिक्षक शंभू मंडल नियोजित शिक्षक के रूप में कार्यरत थे. गंगा के कटाव के कारण शिक्षक शंभू मंडल भी विस्थापित होकर सैदपुर वीरनगर के पास तटबंध पर झोपड़ी बनाकर रहे थे. मिली जानकारी के अनुसार शिक्षक शंभू मंडल ने कुछ माह पूर्व घर बनाने हेतु जमीन नये बसे बाबू टोला कमलाकुंड में खरीद कर घर बनाकर बाल बच्चों के साथ रह रहे थे. मृतक शिक्षक शंभू मंडल के पिता कुलो मंडल कहते हैं कि मैं अपने पुत्र शंभू को वहाँ जमीन खरीदने से मना कर रहा था. क्योंकि उस जमीन पर अपराधियों की नजर लगी थी. वहीं कुछ ग्रामीणों के अनुसार जमीन खरीदने के एवज में रंगदारी की माँग की गई थी. नहीं देने पर अंजाम भुगतने की धमकी कुछ दिन पूर्व दी गई थी. घटना के बाद विद्यालय में भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई. बच्चे व शिक्षक विद्यालय छोड़कर भाग गये. घटना की जानकारी मिलने पर गोपालपुर थाना पुलिस घटना स्थल पहुँची. परन्तु तबतक घायल शिक्षक को ऑटो से परिजनों द्वारा इलाज हेतु नवगछिया ले जाने की सूचना पर गोपालपुर पुलिस अनुमंडलीय अस्पताल पहुँची. इस बीच सर्किल इंसपैक्टर उमाशंकर सिंह घटनास्थल पर पहुँचे. विद्यालय में घुसकर शिक्षक को गोली मारने की सूचना मिलने पर शिक्षकों में आक्रोश व्याप्त हो गया. आक्रोशित शिक्षकों ने अपने – अपने विद्यालयों को बंद कर मध्य विद्यालय सिंघिया मकंदपुर में आपात बैठक आयोजित किया.

नवगछिया अनुमंडलीय शिक्षक संघ के संगठन प्रभारी युगेश कुमार ने बताया कि चौबीस घंटे के अन्दर अपराधियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर गोपालपुर प्रखंड के सभी विद्यालय अनिश्चितकाल तक बंद रहेंगे. उन्होंने कहा कि ऐसे माहौल में शिक्षक बच्चों को कैसे पढ़ा पायेंगे. आपात बैठक के बाद आक्रोशित शिक्षकों ने मकंदपुर चौक जाम कर दिया. लेकिन अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मुकुल कुमार रंजन के आश्वासन पर शिक्षकों ने जाम को समाप्त कर दिया. मृतक शिक्षक शंभू मंडल के परिजनों के अनुसार गाँव के ही सचिन यादव ने उस जमीन को लेने से मना किया था. सचिन का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है. वह कमांडो यादव गिरोह का सक्रीय सदस्य मना जाता है. सड़क लूट के मामले में गोपालपुर पुलिस ने पूर्व में गिरफ्तार कर सचिन को जेल भेजा था. हत्या के कारणों का खुलासा तो पुलिसा जाँच से खुलेगा. लेकिन शिक्षक शंभू मंडल की दर्दनाक हत्या से उसके बूढ़े पिता कुलो मंडल के बुढ़ापे का सहारा छिन गया तथा पत्नी व चार छोटी -छोटी बेटियाँ अनाथ हो गईं.

