नवगछिया। सुपौल जिला के सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत बेरों वार्ड 12 में नवविवाहिता प्रीति कुमारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। आरोप है कि घटना के समय वह अपनी मां रेनू देवी और नानी बुधो देवी से मोबाइल पर बात कर रही थी, तभी उसके पति, सास और अन्य परिजन वहां पहुंचे और मारपीट शुरू कर दी।
नवगछिया के नया टोला में रोते-बिलखते नानी बुधो देवी ने मोबाइल का ऑडियो सुनाते हुए बताया कि प्रीति फोन पर चिल्ला रही थी—“हमरो सोना के मारे लगलै हो बाबू, चाप चढ़ाके मारी देलकै हो बाबू।” अचानक उसकी आवाज शांत हो गई। इसके बाद फोन पर कोई जवाब नहीं मिला। मां रेनू देवी ने आरोप लगाया कि मारपीट के बाद उसके जेवर भी उतार लिए गए।
दवा की दुकान के लिए पैसों की मांग का आरोप
परिजनों ने बताया कि 23 अप्रैल 2025 को प्रीति की शादी हुई थी। विवाह में दो गाड़ियों में भरकर सामान दिया गया था, लेकिन पति दवा की दुकान खोलने के लिए लगातार पैसे की मांग कर रहा था। पैसे नहीं मिलने पर वह प्रीति की पिटाई करता था। घटना के दिन भी वह फोन पर बता रही थी कि पैसों के कारण उसकी रोज पिटाई हो रही है।

दो माह की गर्भवती थी प्रीति
नानी के अनुसार प्रीति दो माह की गर्भवती थी। जरूरत पड़ने पर दवा मांगने पर भी उसे दवा नहीं दी जाती थी, बल्कि बेल्ट से पीटा जाता था। घर में कोई उसकी परवाह नहीं करता था और उसे तानों के साथ मारपीट सहनी पड़ती थी।
पढ़ाई में तेज, कोचिंग में पढ़ाती थी
प्रीति बचपन से ही नवगछिया के नया टोला स्थित अपने ननिहाल में नाना छोटे लाल चौधरी के यहां रहकर पढ़ाई करती थी। उसने मदन अहिल्या महिला कॉलेज, नवगछिया से बीए की परीक्षा उत्तीर्ण की थी और एक प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थान में पढ़ाती थी। इकलौती बेटी होने के कारण वह परिवार की लाड़ली थी।
‘जघन्य अपराध, अपराधियों को सजा मिले’
पड़ोसी भाजपा नेता एवं पूर्व पार्षद बिनोद मंडल ने कहा कि प्रीति मेहनती और सहयोगी स्वभाव की थी। वह बच्चों को पढ़ाकर खुद भी पढ़ाई करती थी और मुहल्ले में सभी की मदद करती थी। उन्होंने इसे जघन्य अपराध बताते हुए दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की।
बदहवास परिजन
घटना के बाद से नानी बुधो देवी बार-बार बेहोश हो जा रही हैं। वह अचानक उठकर चिल्लाने लगती हैं—“मेरी प्रीति को बचाओ, उसको मार रहा है”—और फिर बेहोश हो जाती हैं। मां रेनू देवी का भी रो-रोकर बुरा हाल है। इकलौती बेटी की मौत से पूरा परिवार सदमे में है।

