नवगछिया : यह नवगछिया है, जरूरी नहीं कि यहां हत्या तब हो जब दुश्मन, जानी दुश्मन बन जाय. हल्के फुल्के विवाद में भी यहां हत्या कर दी जाती है. पुलिस ने बिहपुर थाना क्षेत्र के रामनगर सोनवर्षा निवासी ललन चौधरी के हत्यारे व चचेरे भाई को बुधवार को देर रात ही गिरफ्तार कर लिया था. अब तक के पुलिस अनुसंधान में बात सामने आयी है कि ललन के चचेरे भाइयों के साथ उसका महज एक फीट जमीन का विवाद था. यह विवाद कोई पुराना विवाद नहीं था. पिछले दिनों बोआई के क्रम में रंजीत चौधरी ने दोनों भाईयों के खेतों के बीच आर को तोड़ दिया था.
– देर रात पुलिस ने आरोपी रंजीत चौधरी को धर दबोचा
– अपराधी प्रवृति का है रंजीत, शातिर हगना गिरोह में था सक्रिय
– ललन की हत्या के बाद परिजनों पर टूटा गमों का पहाड़
ललन इसी बात का विरोध कर रहा था. शाम में खेत पर ही ललन का विवाद उसके चचेरे भाइयों रंजीत व अन्य से हुआ था. उसकी वक्त दोनों में खूब कहा सुनी हुई और रंजीत ने कह दिया कि तुम गुरूवार की सुबह नहीं देख पाओगे. दोनों शाम में घर आये. झगड़े की चरचा दोनों परिवार के लोग अपने अपने घरों में कर रहे थे. इसी बीच रात करीब साढ़े नौ बजे रंजीत पिस्तौल ले कर ललन के घर पर आ धमका और ललन जब तक कुछ समझता तब तक उसने ललन को घर से खींच कर बाहर ले गया और दाना दन दो गोली उतार दिया. ललन को एक गोली हाथ तो दूसरी गोली छाती में लगी थी और उसकी मौत मौके पर ही हो गयी.

इन दिनों हगना गिरोह में सक्रिय था रंजीत
रंजीत इन दिनों सोनवर्षा निवासी शातिर हगना उर्फ मंटा कुमर के गिरोह में शामिल हो गया था. लेकिन गांव के आस पास के लोग रंजीत को अपराधी मानने को तैयार नहीं थे. ललन चौधरी से यही चूक हुई. गांव के लोगों का कहना है कि ललन को लगता था कि कितना भी है तो रंजीत उसका चचेरा भाई. अब दोनों के पिता भाई हैं तो दोनों के खेत का आर सटेगा ही. इसका मतलब यह तो नहीं कि भाई ही भाई के सीने में गोली उतार दे. ललन को अंदाजा नहीं था कि गलत सोहबत में रंजीत ने अपने पराये का भेद खो दिया था. पुलिस स्तर से जानकारी मिली है कि शातिर हगना कुमर के साथ रंजीत ने कई तरह की घटनाओं को अंजाम दिया है. रंजीत के अपराधिक इतिहास को खंगालने में पुलिस जुट गयी है.
परिजनों ने कहा रंजीत के परिवार के लोग भी हत्या में थे शामिल
ललन चौधरी के परिजनों ने बताया कि कत्ल की वारदात को अंजाम देने में रंजीत चौधरी के साथ उसका भाई मननू चौधरी, अजीत कुमार और घर की महिलाएं भी थी. हालांकि पुलिस ने बताया कि इस मामले में एक आरोपी रंजीत चौधरी को ही नामजद किया गया है. जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है.

बिहपुर इंस्पेक्टर ने की त्वरित कार्रवाई, दियारा में ही दबोचा गया रंजीत
हत्या के तुरंत बाद हरकत में पुलिस ने नवगछिया एसपी निधि रानी के निर्देश पर देर रात ही सोनवर्षा रामनगर दियारा में बिहपुर सर्किल इंस्पेक्टर संजय कुमार सुधांशु और बिहपुर थानाध्यक्ष अनि सुचित कुमार के नेतृत्व में सधन छापेमारी अभियान शुरू कर दिया. हत्या की वारदात को अंजाम दे कर रंजीत चौधरी गंगा दियारा में जा छुपा था. पुलिस ने देर रात ही रंजीत को धर दबोचा.
परिजनों पर टूटा विपत्ति का पहाड़
अपने दो भाईयों में ललन चौधरी छोटा था. इन दिनों घर में उसकी शादी की बात चल रही थी. ललन खेती किसानी ही किया करता था. घर वालों ने बताया कि वह काफी मेहनती और मिलनसार प्रवृति का था. घटना के बाद ललन की मां वृद्धा रूकमिनी देवी रो रो कर हत्यारों को कोस रही थी तो परिवार के अन्य सदस्यों का भी रो रो कर बुरा हाल था. बिहपुर पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवा कर दोपहर बाद तक परिजनों को सौंप दिया था.

कहती हैं एसपी
नवगछिया की एसपी निधि रानी ने बताया कि जमीन विवाद में ललन की हत्या कर दी गयी थी. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चश्मदीद प्राथमिकी के अनुसार हत्यारे को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी रंजीत अपराधिक प्रवृति का है. वह हगना गिरोह का सदस्य रहा है. पुलिस उसके आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है.


