नवगछिया : नवगछिया के शहीद टोला निवासी मो. नियाज मंसूरी की अपहरण बाद हत्या की पूरी साजिश नवगछिया मुमताज मोहल्ला के फुलवा राय ने रची थी। इसमें नवगछिया प्रोफेसर कॉलोनी के चंदन रजक और दिलखुश कुमार ने उसका साथ दिया था। वह नियाज को विश्वास में लेकर शहीद टोला से 500 मीटर दूर मक्खातकिया लाया था।
वहां उसके साथी चंदन, दिलखुश सहित एक अन्य पहले से मौजूद थे। पांचों ने सुनसान जगह पर बैठकर शराब पी। साजिश के तहत नियाज को ज्यादा शराब पिलाई, जब वह नशे में आ गया तो चारों ने मिलकर उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को बालू के नीचे दबा कर भाग निकले थे।

एसपी निधि रानी ने कहा कि फुलवा राय के बाद आरोपित चंदन रजक और दिलखुश कुमार को भी सोमवार को घर से दबोच लिया गया है। दोनों घटना के मुख्य आरोपित फुलवा राय के सहयोगी हैं। तीनों के खिलाफ नियाज के पिता हैदर मंसूरी ने नवगछिया थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। चंदन और दिलखुश पर चोरी के दो दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं। चोरी के मामले में दोनों कई बार जेल भी गया है। सभी ¨बदुओं पर घटना की जांच की जा रही है।
बता दें कि रविवार को नियाज का शव बरामद होते ही परिजन और ग्रामीणों का गुस्सा पुलिस पर फूट पड़ा था। नवगछिया थाने के दारोगा को लोगों ने दौड़ा-दौड़ा कर पीटा था। नवगछिया बाजार में महाराज जी चौक पर शव रखकर सड़क जाम कर दिया था। बाजार बंद करा दिया था।

उग्र लोगों को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा था। लॉटरी में फंसे एक लाख रुपये के लेने-देने विवाद में घटना को अंजाम दिया गया था। नियाज नवगछिया बाजार में रजाई-गद्दा बनाने का काम करता था। जबकि मुख्य आरोपित फुलवा अवैध लॉटरी बेचने का काम करता है।


